हुङ्कारेणैव तं भस्म (धूम्रलोचन का भस्म होना) PDF
हुङ्कारेणैव तं भस्म (धूम्रलोचन का भस्म होना) की पूरी लिरिक्स — संस्कृत, रोमन व अर्थ सहित। एक क्लिक में PDF सेव करें या प्रिंट करें।
देव्युवाच दैत्येश्वरेण प्रहितो बलवान्बलसंवृतः । बलान्नयसि मामेवं ततः किं ते करोम्यहम् ॥
devyuvāca daityeśvareṇa prahito balavānbalasaṃvṛtaḥ balānnayasi māmevaṃ tataḥ kiṃ te karomyaham
देवी बोलीं — 'तुम दैत्येश्वर द्वारा भेजे गए हो, बलवान् हो और सेना से घिरे हो; यदि तुम इस प्रकार मुझे बलपूर्वक ले जाओगे — तो मैं तुम्हारा क्या कर सकती हूँ?' ऋषि बोले — इस प्रकार कहे जाने पर असुर धूम्रलोचन उन पर झपटा; और तब अम्बिका ने हुँकार मात्र से उसे भस्म कर दिया।
ऋषिरुवाच इत्युक्तः सोऽभ्यधावत्तामसुरो धूम्रलोचनः । हुङ्कारेणैव तं भस्म सा चकाराम्बिका तदा ॥
ṛṣiruvāca ityuktaḥ so'bhyadhāvattāmasuro dhūmralocanaḥ huṅkāreṇaiva taṃ bhasma sā cakārāmbikā tadā