KP ज्योतिष
कृष्णमूर्ति पद्धति से जन्म तिथि द्वारा जानें अपने रूलिंग प्लैनेट्स, और विवाह, संतान, करियर व विदेश पर कुस्पल सब-लॉर्ड का स्पष्ट निर्णय।
KP ज्योतिष क्या है?
KP या कृष्णमूर्ति पद्धति वैदिक ज्योतिष की एक सूक्ष्म व निर्णायक प्रणाली है, जिसे ज्योतिष मार्तंड के. एस. कृष्णमूर्ति ने विकसित किया। पारंपरिक पद्धति राशि व ग्रह पर बल देती है, जबकि KP नक्षत्र व उससे भी सूक्ष्म "सब-लॉर्ड" पर — और किसी भाव का फल होगा या नहीं, यह उस भाव-कुस्प के सब-लॉर्ड से तय होता है। यही KP को अधिक स्पष्ट, "हाँ या नहीं" वाली भविष्यवाणी का सामर्थ्य देता है। सटीक जन्म समय यहाँ अत्यंत आवश्यक है।
सामान्य प्रश्न
KP ज्योतिष क्या है?
KP (कृष्णमूर्ति पद्धति) के. एस. कृष्णमूर्ति द्वारा प्रवर्तित वैदिक ज्योतिष की सूक्ष्म प्रणाली है। यह कृष्णमूर्ति अयनांश व प्लासीडस भाव-कुस्प का प्रयोग करती है और किसी भाव के फल का निर्णय उसके कुस्प के सब-लॉर्ड से करती है — जिससे भविष्यवाणी अधिक स्पष्ट होती है।
KP में रूलिंग प्लैनेट्स क्या हैं?
रूलिंग प्लैनेट्स हैं — लग्न राशि व नक्षत्र के स्वामी, चंद्र राशि व नक्षत्र के स्वामी, तथा वार-स्वामी। KP मानता है कि सही समय के रूलिंग प्लैनेट्स उत्तर का प्रतिबिंब होते हैं, और ये KP समय-निर्धारण व प्रश्न में केंद्रीय हैं।
कुस्पल सब-लॉर्ड क्या है?
प्रत्येक भाव-कुस्प एक राशि (स्वामी), नक्षत्र (नक्षत्र स्वामी) व सूक्ष्म उप-विभाग (सब-लॉर्ड) में पड़ता है। KP में कुस्प का सब-लॉर्ड उस भाव के फल का निर्णायक होता है — सहायक भावों का संकेत दे तो फल निश्चित, विपरीत भावों पर झुके तो विलंब या निषेध।
क्या यह KP रिपोर्ट मुफ्त है?
हाँ — आपके रूलिंग प्लैनेट्स, प्रमुख जीवन-प्रश्नों पर कुस्पल सब-लॉर्ड निर्णय व पूर्ण KP ग्रह तालिका यहाँ पूर्णतः निःशुल्क है।